दोस्त की बीवी

लेखक:- अन्जान


मेरा नाम अमित है। मैं और आमिर बचपन के दोस्त हैं। बचपन में हम लोग पास-पास ही रहते थे, हम साथ-साथ खेलते और हम पढ़ते भी साथ थे। हमेशा हमलोग पढ़ाई में आगे रहते थे। हम सब दोस्त बचपन में मस्ती करते हुए चुनिआ से चुनिआ मिलाते थे और बड़े होने पर हम अपने लंड की लंबाई और मोटाई नापने लगे। मेरा लंड सबसे लम्बा और मोटा था। आमिर के लंड की लंबाई छ: इंच और मेरे लंड की लंबाई आठ इंच थी। हम इन मस्ती के साथ बड़े हुए। हम दोनों ने बारहवीं की परीक्षा पास करने के बाद एक ही इंजीनियरिंग कॉलेज में एडमिशन लिया और इंजीनियरिंग की पढ़ाई के बाद हम दोनों को अलग-अलग कम्पनी में नौकरी लग गयी। यह १९९४ की बात है! मैंने दिल्ली की एक एम.एन.सी में जॉयन किया और आमिर ने मुम्बई में। आमिर ने बाद में अपना खुद का बिज़नेस शुरू किया। उसे खूब सफ़लता मिली और अब वोह लाखों-करोड़ों में खेलने लगा था। उसने एक अलिशान फ़्लैट जूहू में खरीद लिया था। उसके पास इम्पॉर्टेड कार, नौकर इत्यादि सब कुछ था। उसकी देखा देखी मैंने भी दिल्ली में अपना बिज़नेस शुरू किया और भगवान की कृपा से मेरा भी बिज़नेस ज़ोरों से चल पड़ा।

धीरे-धीरे मेरे पास भी आधुनिक जीवन की आवश्यक हर चीज़ हो गयी। हम अपने-अपने काम में काफ़ी मशगूल हो गये और हम एक दूसरे से नहीं मिल पाये लेकिन फोन और पत्रों के ज़रिये हमारा संबंध हमेशा बना रहा। एक दिन आमिर का फोन आया कि वो सायरा नाम की लड़की से शादी कर रहा है। उसने बताया कि सायरा बेहद खूबसूरत है। आमिर ने मुझे शादी पर आने का निमंत्रण दिया। लेकिन बिज़नेस के सिलसिले में मैं उस समय विदेश जा रहा था। मैंने अपनी मजबूरी बतायी और वादा किया कि विदेश से लौटने के बाद मैं उन लोगों के पास मिलने जरूर आऊँगा। दिन बीतते गये। मैं अपने काम में मशगूल होता गया और आमिर के पास जाने का मौका नहीं मिला। लेकिन हम एक दूसरे के साथ सम्पर्क में रहे। आमिर अक्सर मुझे अपने घर बुलाता रहा। एक दिन आमिर का फोन आया और शिकायत करने लगा कि उसके बार-बार बुलाने पर भी मैं क्यों नहीं आ रहा हूँ। सौभाग्य से मैं एक हफ़्ते के बाद कुछ दिनों के लिए खाली रहने वाला था। मैंने उससे कहा कि मैं अगले हफ़्ते में कुछ दिनों के लिए आ रहा हूँ।

मैं मुम्बई पहुँचा और वहाँ एयरपोर्ट पे आमिर और सायरा मुझे लेने आये हुए थे। आमिर ने अपनी बीवी से परिचय कराया। आमिर की बीवी, सायरा भाभी, वाकय में बेहद खूबसूरत औरत थीं। उनकी लंबाई करीब पाँच फुट चार इंच थी और उनके फिगर के तो क्या कहने। उनकी चूचियाँ काफी बड़ी बड़ी (छत्तीस इंच) थी, उनकी कमर तो बहुत ही पतली सी (छब्बीस इंच) थी और उनके चूत्तड़ बहुत भरे-भरे हुए थे। मेरे अंदाज़ में सायरा भाभी कि गाँड कम से कम अढ़तीस इंच थी। वो हँसती थी तो उनके गाल पर डिम्पल पड़ रहे थे जिससे कि वो बहुत सैक्सी लग रही थीं। मैंने उनसे कहा कि, सायरा भाभी आप बहुत ही खूबसूरत हैं।

अपनी तारीफ़ सुन कर सायरा भाभी बहुत ही खुश हो गयीं। उस दिन हम लोग इधर-उधर दो-चार जगह घूमे और एक अच्छे से होटल में खाना खाया। दूसरे दिन भी हम लोग मुम्बई घूमने निकले और बाहर डीनर ले कर घर वापस आये। उस दिन आमिर ने व्हिस्की की बोतल खोली और कहने लगा कि आज हम बहुत दिनों के बाद एक साथ बैठ कर साथ-साथ पियेंगे। आमिर ने सायरा भाभी से ग्लास, सोडा और कुछ खाने के लिए लाने को कहा। मैंने सायरा भाभी से कहा, भाभी आप को भी हमारा साथ देना होगा। अपने लिए भी एक ग्लास लाइयेगा। आमिर ने भी हाँ में हाँ मिलाई। सायरा भाभी तीन ग्लास, सोडा और भुने हुए काजू ले आयीं। हम तीन लोगों का पीने का दौर शुरू हुआ।

धीरे-धीरे हम सब पर व्हिस्की का नशा छाने लगा। कुछ पुरानी बात खुल गयी और फिर एक के बाद एक पुरानी बातें खुलती गयी। बात पुराने दिनों की मस्ती की आयी तो आमिर ने कहा, सायरा तुम्हें एक बात बताते हैं, हमारे सभी दोस्तों में अमित का लंड सबसे बड़ा और मोटा है।

फिर आमिर बात आगे बढ़ाते हुए वो सुब कुछ कहने लगा जो हम बचपन में करते थे। सायरा भाभी ने पूछा, क्या तुम लोगों ने एक दूसरे की गाँड मारी है, क्योंकि मैंने किताबों में पढ़ा है कि अक्सर होस्टल में रहने वाले लड़के एक दूसरे की गाँड मारते हैं।

आमिर ने कहा, ऐसा कुछ भी नहीं है, किताब वाले अपनी बिक्री बढ़ाने के लिए इस तरह की उल्टी-सीधी बात छाप देते हैं। आमिर कहने लगा, हम जिगरी दोस्त हैं... होमो सेक्ज़ुअल थोड़ा ना हैं! वैसे भी मैंने ज़िंदगी में अब तक सिर्फ़ तुम्हारी ही गाँड मारी है। कहानी का लेखक अंजान है!

आमिर की बात सुन कर मैंने सायरा भाभी से पूछा, भाभी आपको कैसा लगा जब आमिर ने आपकी गाँड मारी?

सायरा भाभी ने पहले आनाकानी की फिर मुस्कुरा के बोली, पहले तो बेहद दर्द हुआ था, बाद में मज़ा आने लगा और अब तो माशाल्लाह बेहद मज़ा आता है।

फिर मैं उनकी होस्टल की लाईफ के बारे में पूछने लगा। उस पर वो बोलीं, हम खास सहेलियाँ आपस में काफी मज़े किया करती थीं। हम एक दूसरे की चूंची मसलतीं और चुसतीं, एक दूसरे की चूत में अँगुली करतीं और अपनी जीभ से एक दूसरे की चूत चाटा करती थीं। कभी-कभी हम एक दूसरे की चूत की घुँडी मुँह में लेकर जोर-जोर से चूसतीं और कभी-कभी हम एक दूसरे से आपस में चूत रगड़ा करती थें। इसमे हम लोगों को बेहद मज़ा आता था।

सायरा भाभी फिर शराब के झोँके में बोलने लगीं, हमारे होस्टल में कुछ लड़कियाँ ऐसी भी थीं जो कि पैसे और मस्ती के लिए रात-रात भर होस्टल से बाहर रहतीं और जब वो सुबह आतीं तो साफ मालूम पड़ता था कि वो रात भर सोयी नहीं हैं और खूब रगड़-रगड़ कर उनकी चूत की चुदाई हुई है।

मैंने फिर सायरा भाभी से पूछा, आप लोगों को कैसे पता लगता था कि वो लड़कियाँ रात भर अपनी चूत चुदा कर आयी हैं?

सायरा भाभी बोलीं, अरे इसमे कौन सी बड़ी बात है? जब वो लड़कियाँ आती थीं तो उनकी चाल कुछ अटपटी होती थी। उनके चेहरे पर दाँत के निशान पड़े होते थे और उनकी कमर कुछ झुकी रहती थी।

मैंने फिर पूछा, क्या कमर झुकने का मतलब चुदाई से है?

उन्होंने कहा, और नहीं तो क्या? जब कोई लड़की या औरत रात भर अपनी टाँगों को उठाये अपनी चूत में लंड पिलवाती है तो उसके बाद दो-तीन घंटों तक उनकी टाँगें सीधी नहीं हो पाती और वो झुक कर चलती हैं। लड़कियाँ चुदाई के बाद अपनी टाँगों को फैला कर ही चलती हैं।

क्यों,

अरे इसलिये कि लड़कियों की चूत पैर फैला कर ही चुदती है और चुदाई के बाद उनकी चूत से निकल कर मर्द का पानी उनकी जाँघों पर बहता रहता है, जो कि काफी चिप-चिपा होता है और इसलिये लड़कियाँ चुदाई के बाद अपनी टाँगें फैला कर चलती हैं।

सायरा भाभी से मैंने फिर पूछा, क्यों भाभी आपने कभी इन लड़कियों से उनकी चुदाई के बारे में पूछा था?

सायरा भाभी बोलीं, हाँ उन लड़कियों में से एक मेरे बगल वाले कमरे में रहती थी। एक दिन मैने उससे पूछा कि रात भर कहाँ थी। पहले तो उसने आनाकानी की मगर बाद में बोली कि रात भर वो और उसका बॉय फ़्रैंड, दोनों एक ऑर्गी-पार्टी में गये हुए थे। उस पार्टी में और भी लड़के और लड़कियाँ थी। रात को करीब बारह बजे उन सब ने ड्रिंक करने के बाद खाना खाया और एक बड़े से हाल में आ कर बैठ गये। कमरे में हल्की सी रोशनी थी और धीमे-धीमे म्युज़िक बज रहा था। फिर एक लड़का सब से बोला कि अब काफी रात हो गयी है और हम लोगों को पार्टी की आगे की कारवाही शुरू कर देनी चाहिए। इस पर सब ने हामी भरी और सब अपने अपने कपड़े उतारने लगे। लड़कियाँ सिर्फ़ ब्रा और पैंटी और लड़के सिर्फ़ अपने अंडरवियर पहने हुए थे। फिर सब लड़कों ने अपनी-अपनी गाड़ी की चाबी निकाल कर बीच की मेज पर रख दी और लाईट ऑफ कर दी गयी। अब लड़कियों ने उठ कर अन्धेरे में एक-एक चाबी उठा ली और उसके बाद लाईट ऑन कर दी गयी। जिस लड़की के पास जिस लड़के की चाबी थी वो लड़का उस लड़की को अपनी बाहों में उठा कर डाँस करने लगा। वो सब डाँस तो क्या, एक दूसरे के बाकी कपड़े उतार कर लिपट रहे थे। लड़के उन लड़कियों की चूंची मसल रहे थे और कभी-कभी झुक कर लड़कियों की चूंची मुँह में भर कर चूस रहे थे। कुछ लड़कियाँ भी कभी-कभी झुक कर लड़कों के लंड चूस रही थी। फिर इसके बाद सबने एक-एक करके उसी कमरे में, जहाँ जगह मिली, चुदाई शुरू की। चुदाई का दौर खतम होते ही लड़के अपनी-अपनी पार्टनर बदल कर फिर चुदाई करने लगे। यह पार्टनर बदल-बदल कर चुदाई का दौर रात भर चलता रहा।

यह कहानी सुन कर मैं और आमिर गरम हो गये और थोड़ी देर के बाद हम लोग अपने-अपने कमरे में सोने के लिए चले गये।

अगले दिन आमिर और सायरा भाभी मुझे जहाँगीर आर्ट गैलरी, तारापुर एक्वेरियम, चौपाटी बीच, महालक्षमी और कई जगह ले गये और फिर लंच करने हम लोग घर वापस आ गये। करीब दोपहर दो बजे सिंगापुर से आमिर के लिए फोन आया कि उसका वहाँ पहुँचना बहुत जरूरी है। उसका कोई टैंडर पास हो रहा है और वहाँ पर उसका रहना जरूरी है। वो मेरे कारण थोड़ा सोच में पड़ गया कि उसने इतनी ज़िद्द कर के मुझे मुम्बई बुलाया और खुद ही को सिंगापुर जाना पड़ रहा है। मैंने उसे समझाया और जाने के लिए कहा। रात के आठ बजे की फ़्लाइट से वो सिंगापुर के लिए निकल गया। मैं और सायरा भाभी आमिर को एयरपोर्ट छोड़ने गये थे और लौटते हुए हमने एक बहुत अच्छे होटल में डीनर लिया। घर लौटने के बाद मैं अपने आप को काफ़ी अकेला महसूस कर रहा था और मैं सायरा भाभी से बातें करने लगा और बोला, मैं आमिर के बगैर क्या करूँगा.. मैं कल दिल्ली चला जाऊँगा।

इस पर सायरा भाभी बोलीं, नहीं, इतनी जल्दी मत जाओ, आमिर को बुरा लगेगा और मुझे भी कुछ अच्छा नहीं लगेगा और आमिर नहीं है तो क्या हुआ.... मैं तो हूँ आपके साथ।

मैं रात को व्हिस्की पी रहा था और हम दोनों बातें कर रहे थे। मैंने सायरा भाभी से भी ड्रिंक लेने को कहा और मेरा कहना मानते हुए सायरा भाभी ने भी अपने लिए ड्रिंक बनाया। सायरा भाभी बहुत ही सैक्सी लग रही थीं। उन्होंने मैरून रंग का सलवार सूट पहना हुआ था और उनके लो-कट कमीज़ में से उनकी बड़ी-बड़ी दूधिया चूचियाँ बाहर झाँक रही थीं. उनके गले में मोतियों का हार था और उन्होंने बहुत प्यारा मेक-अप लगा रखा था। उनके होठों पर सलवार-कमीज़ से मैचिंग मैरून लिपस्टिक लगी थी और उनके हाथ और पैरों के नाखूनों पे भी मैरून पॉलिश लगी थी। उनके गोरे-गोरे पैर काले रंग की हाई हील सैंडलों में बहुत सैक्सी लग रहे थे।

हम लोग काफी देर तक बैठ कर व्हिस्की पीते रहे। हम काफी ज्यादा व्हिस्की पी चुके थे। सायरा भाभी कुछ बहकी बहकी बातें कर रही थीं। थोड़ी देर के बाद सायरा भाभी बोलीं, तुम बैठो, मैं अभी अपने कपड़े बदल कर आती हूँ।

मैं बोला, भाभी आप इन ही कपड़ों में बहुत सुंदर लग रही हैं... बाद में बदल लिजियेगा।

सायरा भाभी बोलीं, फिक्र मत करो... कपड़े बदलने के बाद और भी खूबसूरत दिखुँगी और सायरा भाभी उठ खड़ी हुईं। वोह नशे में झूम रही थीं और लड़खड़ाती हुए अपने बेडरूम में चली गयी।

मैं पीछे से हाई हील में मटकती उनकी गाँड देखता रहा। वो जब अपने कपड़े बदल कर वापस डगमगाती हुई आयी तो उन्हें देख कर मेरा लंड खड़ा हो गया। उन्होंने एक गुलाबी रंग की झीनी पारदर्शी नाईटी पहन रखी थी और उसके नीचे कुछ भी नहीं पहन रखा था। उनकी नाईटी के अंदर से उनकी गोल-गोल चूचियाँ और उनके निप्पल साफ-साफ झलक रहे थे और यहाँ तक कि उनकी गोरी-गोरी चूत भी हल्की-हल्की सी दिखाई दे रही थे।

मैंने उनसे कहा, भाभी आप मेरे सामने ऐसे कपड़ों में मत आया करो क्योंकि मुझे अपने आप पर काबू पाना बहुत मुश्किल होता है। मेरा लंड खड़ा हो जाता है।

सायरा भाभी मेरी बात सुन कर हँस पड़ीं और मेरे पास आ कर खड़ी हो गयी और अपने लिए एक और पैग बना कर ड्रिंक सिप करने लगीं।

मैंने उनकी चूंची कि तरफ देखते हुए कहा, भाभी, जब आपकी चूंची इतनी खूबसूरत है तो आपकी चूत तो और भी खूबसूरत होगी।

इस पर सायरा भाभी हँस दीं और बोली, तुम अपना लंड मुझे दिखाओ तो मैं तुम्हें अपनी चूत दिखा दूँगी।

फिर हँस कर अपना ड्रिंक सिप करते हुए बोलीं, देखूँ तुम्हारा लंड वाकय खड़ा हुआ है या यूँ ही कह रहे हो।

मैंने भाभी की बात सुन कर झट से अपनी जींस खोल कर अंडरवियर भी उतार दिया और मैं सायरा भाभी के सामने अपना आठ इंच का लौड़ा दिखा-दिखा कर अपने हाथ से हिलाने लगा। मेरा आठ इंच का लंड फनफना कर खड़ा हो गया था।

सायरा भाभी मेरे खड़े लंड को देखती हुई बोली, वाकय तुम्हारा लंड बहुत लम्बा और मोटा भी है। उस लड़की को बेइंतेहा मज़ा आयेगा जो तुमसे चुदवायेगी।

इस पर मैं कमर हिला कर अपना लंड उनकी तरफ़ बढ़ाते हुए बोला, आप ही चुदवा कर देख लो कि कितना मज़ा आता है।

मेरी बात सुन कर सायरा भाभी बोली, अगर आमिर को पता चल गया तो बेहद बुरा होगा।

मैंने कहा, जब हम किसी को नहीं बतायेंगे तो किसी को कैसे पता चलेगा? कहानी का लेखक अंजान है!

यह सुन कर सायरा भाभी मेरी तरफ देखते हुए मुस्कुराने लगी और व्हिस्की का एक बड़ा सा घूँट गटक कर अपने होठों पर अपनी जीभ फेरने लगीं।

मुझे मालूम हो चुका था कि सायरा भाभी मुझसे अपनी चूत चुदवाना चाहती हैं, लेकिन पहल मेरी तरफ से चाहती हैं। मैंने तब आगे बढ़ कर उनकी चूंचियों पर अपना हाथ रख दिया और उन्हें धीरे-धीरे सहलाने लगा। सायरा भाभी कुछ नहीं बोलीं, बस मुस्कुराती रहीं। तब मैंने उनकी नाईटी उतार दी और मेरे जिगरी दोस्त आमिर की बीवी, सायरा भाभी, मेरे सामने अपने जवानी का जलवा दिखाते हुए बिल्कुल नंगी खड़ी थीं। उनके गले में मोतियों का हार और पैरों में काले हाई हील के सैंडल उनकी जवानी को और भी मादक बना रहे थे। मैं उनकी गोल-गोल चूंची देख कर हैरान हो गया। उनकी चूंची बिल्कुल तनी हुई थी। उनके निप्पलों का घेरा करीब एक इंच का था और निप्पल भी देखने में फुले हुए मुनक्का लग रहे थे। उनकी चूत का तो क्या कहना। उनकी चूत बिल्कुल चिकनी और साफ-सुथरी दिख रही थी।

मैंने सायरा भाभी से पूछा, भाभी आपकी चूत इतनी चिकनी है और उसपे एक भी बाल नहीं है? क्या आप खुद ही साफ करती हैं

इस पर वो बोली, अरे नहीं, मुझसे अपनी झाँटें ठीक से साफ नहीं होतीं और खासतौर से गाँड के बाल तो बिल्कुल नहीं। यह सब तो मैं ब्यूटी पार्लर में करवाती हूँ!

मैंने फिर धीरे से उनको अपनी बाहों में ले लिया और उनकी चूचियों पर अपनी पकड़ मजबूत करके उनको अपने दोनों हाथों में लेकर मसलने लगा। मैंने सायरा भाभी को अपनी बाहों में भर कर कसके जकड़ लिया। सायरा भाभी भी मुझको अपने दोनों हाथों से पकड़े हुई थें। मैं उनके दोनों होंठ अपने होंठों के बीच ले कर चूसने लगा। सायरा भाभी भी मेरी बाहों में नंगी खड़ी-खड़ी मुझे दोनों हाथों से पकड़ कर अपने होंठ चुसवा रही थी और अपनी चूंची मसलवा रही थी। अब धीरे-धीरे सायरा भाभी ने मेरे हाथों से निकल कर मेरा बनियान उतार दिया और हम दोनों एक दूसरे के सामने बिल्कुल मादरजात नंगे खड़े थे और दोनों एक दूसरे को देख रहे थे।

सायरा भाभी मुझसे बोलीं, हाय अमित! तुम नंगे बेहद दिलकश दिखते हो, तुम्हारा खड़ा हुआ लम्बा लंड देखने में बेहद खूबसूरत लगता है और कोई भी लड़की या औरत इसको अपनी चूत में लेकर चुदवाना चाहेगी।

मैंने अब सायरा भाभी को अपनी बाहों में ले कर उनसे पूछा, मुझे कोई और लड़की या औरत से मतलब नहीं है, क्या आप मेरे लंड को अपनी चूत के अंदर लेना चाहती हैं कि नहीं?

तब सायरा भाभी बोलीं, अरे तुम अभी भी नहीं समझे, मैंने तो जब से आमिर के मुँह से सुना कि तुम्हरा लंड अपने दोस्तों में सबसे लम्बा और मोटा है, तभी से तुम्हारे लंड से अपनी चूत की चुदाई करवाना चाहती हूँ। अब जल्दी से तुम मुझे चोदो। मेरे चूत में आग लगी है।

अब मैं सायरा भाभी की एक चूंची अपने मुँह में लेकर चूसने लगा और दूसरी चूंची अपने एक हाथ में लेकर मसलने लगा। सायरा भाभी भी अब तक गरमा गयी थीं। उन्होंने मेरा लंड अपने हाथों में पकड़ा और मुझको घसीटते हुए अपने बेडरूम में ले गयीं। बेडरूम में आकर सायरा भाभी ने मुझे बेड पर पटक दिया और मेरा लंड अपने हाथों में लेकर उसको बड़े ध्यान से देखने लगी।

थोड़ी देर के बाद वोह बोली, आमिर सही ही बोल रहा था। तुम्हारा लंड आमिर के लंड से लम्बा है और मोटा भी है। आज मेरी चूत खूब मज़े ले-ले कर इस लंड से चुदेगी। अब तुम चुपचाप पड़े रहो। मुझको तुम्हारे लंड का पानी चखना है।

मैं तब बोला, ठीक है भाभी जब तक आप मेरे लंड का स्वाद चखोगी, मैं भी आपकी चूत के स्वाद का मज़ा लुँगा । आइये हम दोनो ६९ पॉज़िशन में बेड पर लेटते हैं।

फिर हम दोनों बेड पर एक दूसरे के पैर की तरफ़ मुँह करके लेट गये। सायरा भाभी ने अभी भी अपने सैंडल पहने हुए थे। मैंने सायरा भाभी को अपने ऊपर कर लिया। सायरा भाभी ने मेरे लंड के सुपाड़े को अपने होठों से लगा कर एक जोरदार चुम्मा दिया और फिर अपने मुँह में ले कर चूसने लगीं और बीच-बीच में उसको अपनी जीभ से चाटने लगी। मुझको अपनी लंड चुसाई से रहा नहीं गया और अपना लंड सायरा भाभी के मुँह में पेल दिया। कहानी का लेखक अंजान है!

सायरा भाभी लंड को अपने मुँह से निकालते हुए बोलीं, वाह मेरे अमित! अभी और पेलो अपने लंड को मेरे मुँह में, बाद में इसको मेरी चूत में पेलना।

अब मैने अपने ऊपर लेटी हुई सायरा भाभी के दोनों पैरों को फैला दिया। अब मेरी आँखों के सामने उनकी गोरी चिकनी और मुलायम चूत पूरी तरह से खुली हुई थी और मेरा लंड खाने के लिये तैयार थी। मैं अपनी अँगुली उनकी चूत में पेल कर अंदर-बाहर करने लगा। सायरा भाभी तब जोर से बोली, हाय! क्यों वक्त बर्बाद कर रहे हो, मेरी चूत को अँगुली नहीं चाहिए। अभी तुम इसको अपनी जीभ से चोदो। बाद में उसको अपना लंड खिलाना, वो तुम्हारा लंड खाने के लिए तरस रही है,

मैं बोला, क्यों चिंता कर रही हो भाभी, अभी आपकी चूत और मेरे लंड का मिलन करवा देता हूँ। पहले मैं आपकी चूत का रस चख तो लूँ। सुना है कि सुंदर और सैक्सी औरतों की चूत का रस बहुत मीठा होता है।

तब सायरा भाभी बोलीं, ठीक है, जो मर्जी में आये करो, यह चूत अब तुम्हारी है। इससे जैसे चाहे मज़े ले लो। हाँ एक बात और, जब हम एक दूसरे को चोदने कि लिये तैयार हैं और एक दूसरे के चूत और लंड चाट और चूस रहे हैं, तब यह आप-आप की क्या रट लगा रखी है। तुम मुझको नाम लेकर पुकारो और आप-आप की रट छोड़ो।

अब मैंने देखा कि उनकी चूत लंड खाने के लिए खुल-बँद हो रही है और अपनी लार बहा रही है और बाहर और अंदर से रस से भीगी हुई है। मैंने जैसे ही अपनी जीभ सायरा भाभी की चूत में घुसेड़ी, वो चिल्लाने लगी, हाय, चूसो... चूसो, और जोर से चूसो मेरी चूत को। और अंदर तक अपनी जीभ घुसेड़ो,,, हाय मेरी चूत की घुँडी को भी चाटो... बहुत मज़ा आ रहा है। हाय मैं अब छूटने वाली हूँ।

इतना कहते ही सायरा भाभी की चूत ने गरम-गरम मीठा रस मेरे मुँह में छोड़ दिया जिसको कि मैं अपनी जीभ से चाट कर पूरा का पूरा पी गया। उधर सायरा भाभी अपने मुँह में मेरा लंड लेकर उसको खूब जोर-जोर से चूस रही थीं और मैं भी सायरा भाभी के मुँह में झड़ गया। मेरे लंड की झड़न सब की सब सायरा भाभी के मुँह के अंदर गिरी और उसको वोह पुरा का पुरा पी गयीं। अब सायरा भाभी का चेहरा काम-ज्वाला से चमक रहा था और वो मुस्कुरते हुए बोलीं, चूत चुसाई में बेहद मज़ा आया, अब चूत चुदाई का मज़ा लेना चाहती हूँ। अब तुम जल्दी से अपना लंड चुदाई के लिये तैयार करो और मेरी चूत में पेलो... अब मुझसे रहा नहीं जाता।

मैंने सायरा भाभी को बेड पर चित्त करके लिटा दिया और उनकी दोनों टाँगों को ऊपर उठा कर घुटने से मोड़ दिया। मैंने उनके बेड पर से दोनों तकियों को उठा कर उनके चूत्तड़ के नीचे रख दिया और ऐसा करने से उनकी चूत और ऊपर हो गयी और उसका मुँह बिल्कुल खुल गया। फिर मैंने अपने लंड का सुपाड़ा खोल कर उनकी चूत के ऊपर रख दिया और धीरे-धीरे उनकी चूत से रगड़ने लगा। सायरा भाभी मारे चुदास के अपनी कमर नीचे-ऊपर कर रही थीं और फिर थोड़ी देर के बाद बोलीं, साले बहनचोद, मुफ़्त में गैर-औरत की चूत चोदने को मिल रही है इस लिए खड़ा लंड मेरी चुदासी चूत को दिखा रहा है और उसको चूत के अंदर नहीं पेल रहा है। साले भोंसड़ी के गाँडू, अब जल्दी से अपना मूसल जैसा लंड चूत में घुसा नहीं तो हट जा मेरे ऊपर से। मैं खुद ही एक बैंगन चूत में डाल के अपनी चूत की गरमी नकालती हूँ।

तब मैंने उनकी चूंचियों को पकड़ कर निप्पल को मसलते हुए उनके होठों को चूमा और बोला, अरे मेरी सायरा रानी, इतनी भी जल्दी क्या है? ज़रा मैं पहले तुम्हारे इस सुंदर बदन, सुंदर चूंची और सबसे सुंदर चूत का आनंद उठा लूँ, उसके बाद फिर तुम्हें जी भर कर चोदूँगा। मैंने अब तक अपनी ज़िंदगी में इतनी सुंदर औरत नहीं देखी है। फिर इतना चोदूँगा कि तुम्हारी यह सुंदर सी चूत लाल पड़ जायेगी और सूज कर पकौड़ी हो जायेगी। कहानी का लेखक अंजान है!

सायरा भाभी बोलीं, साले चोदू, मेरी जवानी का तू बाद में मज़ा लेना। उसके लिए अभी पूरी रात पड़ी हुई है, अभी तो बस मुझे चोद। मैं मरी जा रही हूँ, मेरी चूत में चीटियाँ रेंग रही हैं और वोह तेरे लौड़े के धक्के से ही जायेंगी। जल्दी से अपना लंड मेरी चूत में पेल दे, प्लीज़।

सायरा भाभी की यह सब सैक्सी बातें सुन कर मैं खुश हो गया और समझ गया कि अब सायरा भाभी मेरे लंड से चुदने के लिए पूरी तरह से तैयार हैं। मैंने अपना सुपाड़ा उनकी पहले से भीगी चूत के मुँह के ऊपर रखा और धीरे से कमर हिला कर सिर्फ़ सुपाड़े को अंदर कर दिया। सायरा भाभी ने मेरे फूले हुए सुपाड़े के अपनी चूत में घुसते ही अपनी कमर को झटके से ऊपर को उछाला और मेरा आठ इंच का लंड पूरा का पूरा उनकी चूत में घुस गया।

तब भाभी ने एक आह सी भरी और बोलीं, आहह! क्या सुकून मिला तुम्हारे लंड को अपनी चूत में डलवाकर। आमिर अक्सर तुम्हारी बातें किया करता था और जब से उसने तुम्हारे लंड की तरीफ़ की है, मैंने तब से तुम्हारा लंड अपनी चूत में लेने के लिए मन ही मन ठान लिया था। आज आमिर सिंगापुर चला गया, यह अच्छा हुआ नहीं तो मेरी तमन्ना पूरी नहीं होती।

अब मैं अपना लंड धीरे-धीरे उनकी चूत के अंदर-बाहर करने लगा। उन्होंने अपनी चूत में कभी इतना मोटा लंड पहले घुसेड़ा नहीं था, इसलिये उन्हें कुछ तक्लीफ़ हो रही थी। मुझे भी उनकी चूत काफी टाईट लग रही थी और मैं मस्त हो कर उनकी चूत चोदने लगा। सायरा भाभी मेरी चुदाई से मस्त हो कर बड़बड़ा रही थी, हाय! मेरे अमित... मेरे राजा.... और पेल... और पेल अपनी भाभी की चूत में अपना मोटा लंड... तेरी भाभी की चूत तेरा लंड खाकर निहाल हो रही है। हाय! लम्बे और मोटे लंड की चुदाई कुछ और ही होती है। बस मज़ा आ गया। हाँ... हाँ, तू ऐसे ही अपनी कमर उछाल-उछाल कर मेरी चूत में अपना लंड आने दे। मेरी चूत की फिक्र मत कर। फट जने दे उसको आज। मेरी चूत को भी बहुत दिनों से शौक था मोटा और लम्बा लंड खाने का। उसको और जोर-जोर से खिला अपना मोटा और लम्बा लंड।

मैं भी जोर-जोर से उनकी चूत में अपना लंड पेलते हुए बड़बड़ा रहा था, हाय! मेरी सायरा रानी, ले! ले! और ले... जी भर कर खा अपनी चूत में मेरे लंड की ठोकर। मेरी किस्मत आज बहुत अच्छी है, जो मैं तुम्हारे जैसी सुंदर औरत की चूत में अपना लंड घुसेड़ कर चोद रहा हूँ। क्या मेरी चुदाई तुम्हें पसंद आ रही है? सही-सही बताना, क्यों मैं अच्छा चोदता हूँ तुम्हारी रसीली चूत, या आमिर?

सायरा भाभी बोलीं, हाय अमित अब मैं तुमको क्या बताऊँ, मैं तुम्हरी चुदाई से बेहद खुश हूँ। हाँ आमिर भी मुझको जी-भर कर चोदता है। लेकिन तुम्हारे और आमिर की चुदाई में बहुत फर्क है। आमिर रोज सोने से पहले बिस्तर पर लेट कर झट से मुझे नंगी करके मेरी टाँगों को उठाता है और अपना लंड मेरी चूत में पेलता है। उसको इस बात का एहसास नहीं होता है कि औरत गरम धीरे-धीरे होती है। लेकिन वो चोदता बड़ा ही मन लगा कर है। मुझे लगता है कि तेरा लंड खाने के बाद मेरी चूत आमिर का लंड खाना पसंद नहीं करेगी। क्योंकि तुम्हारे लंड से मेरी चूत अब फैल जायेगी और उसमें आमिर का पतला और छोटा लंड ढीला-ढीला जायेगा जिससे कम से कम मुझको तो मज़ा नहीं अयेगा।

भाभी सही सही बताना, तुमने शादी के पहले भी किसी और के लंड को अपनी चूत में घुसाया है कि नहीं?

हाँ मेरे जीजा जो कि आजकल जर्मनी में रहते हैं, उन्होंने मुझको मेरी शादी से पहले भी चोदा है। लेकिन उनके लंड की चुदाई मुझको पसंद नहीं आयी।

क्यों?

अरे उनका लंड बहुत छोटा और पतला है, लेकिन वो मुझे चोदने के पहले और चोदने के बाद खूब चूत चाटा और चूसा करते थे और उनकी चूत चुसाई अच्छी लगती थी। वो अब जब भी इंडिया आते हैं तो मेरी चूत जरूर चूसते हैं। उनके अलावा कॉलेज के ज़माने में कई लंड लिये हैं.... उस दिन जो ऑर्गी पार्टी की कहानी मैंने सुनायी थी वोह मेरी सहेली की नहीं बल्कि मेरी खुद की थी।

यह सब बातें करते-करते हम लोग चुदाई का मज़ा लेते रहे और मेरी चुदाई से सायरा भाभी दो बार झड़ीं और फिर मैं भी उनकी चूत के अंदर झड़ गया। फिर मैं दो दिन वहाँ रुका रहा। इन दो दिन हम सिर्फ़ खाना खाने के लिए घर के बाहर जाते थे और बाकी समय घर के अंदर नंगे ही रहते थे। सायरा भाभी को नंगी होकर चाय नाशता बनाना बहुत अच्छा लगत था और इसलिये वो सारे समय घर के अंदर नंगी ही घूमती थीं। इन दो दिनों में सायरा भाभी ने मुझसे कई बार अपनी चूत में मेरा लंड डलवा कर अपनी चूत चुदवायी और मैं भी खूब मज़े ले-ले कर उनकी चूत चोदता रहा। हमलोगों ने उनके घर के हर कोने में... लेट कर, बैठ कर, आमने-सामने घुटनों के बल बैठ कर, भाभी को अपने ऊपर चढ़ा कर, खड़े-खड़े आमने सामने से और कभी उनके पीछे से, बाथरूम में शॉवर के नीचे और यहाँ तक कि टॉयलेट में कमॉड के ऊपर बैठ कर, भाभी को गोदी में उठाये चुदाई की। भाभी ने हर वक्त दिल खोल कर चुदाई में मेर सहयोग दिया।

दिल्ली लौटने से पहले एक दिन मैं मार्केट गया और उनके लिए एक खूबसूरत साड़ी और ज्वेलरी खरीदी और उन्हें प्रेज़ेंट दी और बोला, यह आपकी शादी का तोहफ़ा है, प्लीज़ इसे स्वीकार कीजिए। कहानी का लेखक अंजान है!

भाभी बोलीं, अरे मुझको तो मेरा तोहफ़ा मिल गया है और मुझे कुछ नहीं चाहिए। हाँ, अगर देना ही चाहते हो तो आज रात मेरी गाँड में लंड पेल कर मेरी गाँड की चुदाई करो। बस मुझे अपना तोहफ़ा मिल जायेगा।

मैं भाभी के मुँह से यह बात सुन कर बोला, हाँ, भाभी मुझे भी आपके गद्देदार चूत्तड़ देख-देख कर आपकी गाँड मारने का मन कर रहा था। लेकिन मैं चुप था कि कहीं आपको मेरी बात का बुरा ना लगे और आप अपनी चूत भी मुझको ना दें।

भाभी बोली, हाय रे बेवकूफ, तुमको अभी भी लग रहा है कि मैं तुम्हारी बातों का बुरा मानूँगी? अरे मैं और मेरी चूत तो तुम्हारे लंड की दिवानी हो गयी है, मेरे जवान जिस्म को जब चाहे, जैसे चाहे चोदो। मैं किसी बात का बुरा नहीं मानूँगी। मैं तो यह सोच रही हूँ कि कल जब आमिर आ जायेगा तो मैं तुम्हारे मस्त लंड के बिना कैसे रह पाऊँगी? चलो आज रात ही क्यों, तुम अभी इसी वक्त एक बार मेरी गाँड मर लो। रात कि बात रात को देखी जायेगी।

यह कह कर सायरा भाभी जो कि नंगी ही थी अपने घुटने के बल अपनी गाँड को ऊपर कर के कमरे के कालीन के ऊपर बैठ गयीं और बोलीं, क्या देख रहो हो, जल्दी से अपना लंड तैयार करो और मेरी गाँड के छेद में डाल कर मेरी गाँड मारो। मैं आज अपनी गाँड तुमसे मरवाना चाहती हूँ। आज मेरी गाँड तुम्हारे लंड को पा कर शुक्रमंद हो जायेगी।

मैं भी पहले से ही नंगा था और झट से अपना लंड उनके मुँह मे दे कर बोला, हाय! मेरी चुद्दकड़ भाभी, अपनी गाँड मरवानी हो तो लो मेरा लौड़ा अपने मुँह में लेकर इसे चूस-चूस कर खड़ा कर। मैं अभी तेरी गाँड को अपने लौड़े से फाड़ता हूँ। हाय! तेरी गाँड मारने में बहुत मज़ा आयेगा, तेरे फूले-फूले चूत्तड़ों के बीच के छेद में अपने लंड को डालने का मुझे बहुत अरमान था और आज वो अरमान पूरा करूँगा।

भाभी ने भी मेरा लंड मुँह में लेकर उसे चाट-चूस कर खड़ा कर दिया और अपने हाथों से अपने चूत्तड़ों को फैला करके बोली, अमित देख मैंने तेरा लंड चूस कर खड़ा कर दिया, अब जल्दी से अपना लंड मेरी गाँड में पेल!

मैंने भी फिर ढेर सारा थूक निकाल कर उनकी गाँड के छेद पर लगाया और उसी वक्त अपना लंड उनकी गाँड में डाल कर उनकी गाँड मार ली। सायरा भाभी की गाँड मारने में मुझको बहुत मज़ा आया और उन्होंने भी अपनी कमर आगे पीछे कर के पूरे जोश के साथ अपनी गाँड मुझ से मरवायी। फिर वो अपनी गाँड को अपने हाथ से पोंछते हुए मुस्कुरा कर बोली, क्यों मज़ा आया, मेरी गाँड मार कर! आमिर को मेरी गाँड मारने का बहुत शौक है और वो रोज रत को मेरी चूत मारे ना मारे लेकिन मेरी गाँड में अपना लंड एक बार जरूर पेलता है।

मैंने भाभी कि चूत में अपनी अँगुली डालते हुए कहा, हाँ भाभी आपकी गाँड मार कर मुझे बहुत मज़ा आया। अब लग रहा है कि आमिर और दो-चार दिन सिंगापुर ही रहे और मैं हमेशा तुम्हारी चूत और गाँड की सेवा करूँ।

उस रात हम लोगों ने कई बार एक दूसरे की चूत और लंड का हर तरह से मज़ा लिया। भाभी हमारी चुदाई से बहुत थक गयी थीं और फिर हम लोग थोड़ा बहुत खाना खा कर एक दूसरे से लिपट कर सो गये और सुबह देर तक सोते रहे। अगले दिन आमिर को सिंगापुर से आना था और उसकी फ़्लाईट दो बजे दोपहर में आने वाली थी। इसलिये सुबह देर से उठ कर हमने एक दूसरे से लिपट कर चुम्मा लिया। कहानी का लेखक अंजान है!

सायरा भाभी बोलीं, अमित आज तो आमिर आ रहा है और पता नहीं फिर कब मौका मिले तुमसे मिलने का और तुम्हारा लंड अपनी चूत में पिलवाने का, तुम अभी एक बार फिर से मेरी चूत की चुदाई कर दो, प्लीज़।

मैं बोला, भाभी आपने मेरे मन की बात कह दी। मैं भी चाहता था की एक बार फिर से आपकी चूत में अपना लंड डालूँ और आपको जी भर कर रगड़-रगड़ कर चोदूँ।

हमलोग फिर से एक दूसरे से लिपट गये और फिर से मैंने उनकी टाँगों को ऊपर कर के अपना लंड उनकी चूत में पेल कर सायरा भाभी को एक बार फिर रगड़ कर चोद दिया। उसके बाद हम लोगों ने साथ-साथ बाथरूम में जाकर एक दूसरे के शरीर पर साबुन लगाया और मैंने उनकी चूंची और चूत से खेलते हुए और भाभी ने मेरे लंड से खेलते हुए स्नान किया और फिर अपने अपने कपड़े पहने और एयरपोर्ट आमिर को लेने के लिए चले गए। आमिर ने एयरपोर्ट पे ही मुझसे बहुत माफी माँगी और फिर आमिर और सायरा भाभी ने मुझे एक बार फिर से मुम्बई आने को कहा।

मैंने भी सायरा भाभी की तरफ देखते हुए उन लोगों से कहा, जरूर आऊँगा, सच तुम्हारे यहाँ आ कर मुझे बहुत अच्छा लगा और मैं कोशिश करूँगा कि मैं जल्दी ही फिर से मुम्बई आऊँ।

मैंने भी आमिर और सायरा भाभी से दिल्ली आने को कहा और उन दोनों भी दिल्ली आने के लिए हामी भर दी।

सायरा भाभी बोलीं, जरूर हमलोग जल्दी ही आपके पास दिल्ली आयेंगे।

मैं उसी शाम कि फ़्लाईट पकड़ कर दिल्ली चला आया।

!!! समाप्त !!!


मुख्य पृष्ठ (हिंदी की कामुक कहानियों का संग्रह)

Keyword: Seduction, Adultery, Big-cock, Masturbation (F), Hindi Story, Hindi Font Sexy Story, High Heels, Highheels, Sandal, Salwar Kameez, Saree, India, Indian, Chut, Choot, Chutmarani, Gaand, Hindi Chudai Kahani, Kahaniya, Maa-Beti Ki Chudai, Muslim Sluts, व्याभिचार (गैर-मर्द), विशाल लण्ड, हस्तमैथुन (स्त्री), कुत्ते का लण्ड, कुत्ते से चुदाई, शराब, नशे में चुदाई, ऊँची हील के सैंडल, ऊँची ऐड़ी, सेंडल, सैंडिल, सेंडिल, साड़ी, सलवार कमीज़, हिंदी, भारत, इंडिया, हिंदी कहानियाँ, हिन्दी, चूतमरानी, मुसलमान Tarakki Ka Safar, Tarakki ka Safar
Seduction, Adultery, Big-cock, Masturbation (F), Hindi Story, Hindi Font Sexy Story, High Heels, Highheels, Sandal, Salwar Kameez, Saree, India, Indian, Chut, Choot, Chutmarani, Gaand, Hindi Chudai Kahani, Kahaniya, Maa-Beti Ki Chudai, Muslim Sluts, व्याभिचार (गैर-मर्द), विशाल लण्ड, हस्तमैथुन (स्त्री), कुत्ते का लण्ड, कुत्ते से चुदाई, शराब, नशे में चुदाई, ऊँची हील के सैंडल, ऊँची ऐड़ी, सेंडल, सैंडिल, सेंडिल, साड़ी, सलवार कमीज़, हिंदी, भारत, इंडिया, हिंदी कहानियाँ, हिन्दी, चूतमरानी, मुसलमान Tarakki Ka Safar, Tarakki ka Safar

Seduction, Adultery, Big-cock, Masturbation (F), Hindi Story, Hindi Font Sexy Story, High Heels, Highheels, Sandal, Salwar Kameez, Saree, India, Indian, Chut, Choot, Chutmarani, Gaand, Hindi Chudai Kahani, Kahaniya, Maa-Beti Ki Chudai, Muslim Sluts, व्याभिचार (गैर-मर्द), विशाल लण्ड, हस्तमैथुन (स्त्री), कुत्ते का लण्ड, कुत्ते से चुदाई, शराब, नशे में चुदाई, ऊँची हील के सैंडल, ऊँची ऐड़ी, सेंडल, सैंडिल, सेंडिल, साड़ी, सलवार कमीज़, हिंदी, भारत, इंडिया, हिंदी कहानियाँ, हिन्दी, चूतमरानी, मुसलमान Tarakki Ka Safar, Tarakki ka Safar

Seduction, Adultery, Big-cock, Masturbation (F), Hindi Story, Hindi Font Sexy Story, High Heels, Highheels, Sandal, Salwar Kameez, Saree, India, Indian, Chut, Choot, Chutmarani, Gaand, Hindi Chudai Kahani, Kahaniya, Maa-Beti Ki Chudai, Muslim Sluts, व्याभिचार (गैर-मर्द), विशाल लण्ड, हस्तमैथुन (स्त्री), कुत्ते का लण्ड, कुत्ते से चुदाई, शराब, नशे में चुदाई, ऊँची हील के सैंडल, ऊँची ऐड़ी, सेंडल, सैंडिल, सेंडिल, साड़ी, सलवार कमीज़, हिंदी, भारत, इंडिया, हिंदी कहानियाँ, हिन्दी, चूतमरानी, मुसलमान Tarakki Ka Safar, Tarakki ka Safar


Online porn video at mobile phone


pussywillow erotik Geschichtencache:UCLOoBxVfscJ:awe-kyle.ru/~Andres/ausserschulische_aktivitaeten/01_-_Der_neue_Computer.html karen wagner author naked in schoolEnge kleine ärschchen geschichten extrem perverscache:inuSyoCkBs4J:awe-kyle.ru/~LS/stories/bumblebea4940.html kristenarchives jura sex parkLittle sister nasty babysitter cumdump storiesdaddy snuggling with daughter cant resist the feel of cock on soft bare butt lips incest storiesबुर्के वाली चुद गयी हिंदू सेPOPPING ASHLEY'S LITTLE CHERRYEnge Fötzchen harte geschichtenमुझे सब का मूत पीना पड़ा और दिन रात चुदीdale 10, extreme incest family porn fiction.porn.comkristen archives asstr penis semen sucking clear obsession girls schoolbehan ko mama ke ghar choda porn kahaniDeanne's Zoo OrdealKleine Ärschchen dünne fötzchen geschichten perversfiction porn stories by dale 10.porn.comjust a shirt nakedaaahhh aaaahhh aaahhhh ffHot hindi gaandu gunnda gay sex .comkristen beast mr.stud storybyutyfull pysi long pysi hair porncache:UCLOoBxVfscJ:awe-kyle.ru/~Andres/ausserschulische_aktivitaeten/01_-_Der_neue_Computer.html cache:ERoSVE02eOYJ:awe-kyle.ru/~Taakal/deutsche_geschichten.html ponyboy nose bridle storyasstr Windelcache:mF1WAGl8k0EJ:http://awe-kyle.ru/~LS/stories/peterrast1454.html+"ihre haarlose" storydr quinn asstr storiesnifty farn ladsin ihre kleine unbehaarte vötzchenwww.asstr.org.pallidani gasped for breath as he fucked my uncovered pussy unexpectedlygurpng xxxcache:XhoZC-ieq3cJ:awe-kyle.ru/~mcstories/RoseColoredGlasses/RoseColoredGlasses.html chuckled and popped the head of his cock back out of her pussy and then quickly shoved it back in about two dozen times, each time eliciting a louder and louder moan frommr double jennys couchKleine fötzchen geschichten perversferkelchen lina und muttersau sex story asstrcache:9pVThmB-PC8J:awe-kyle.ru/~canuck100/2004/0304.htm hd sex video longestminutemistress'll fart on you, slaveLittle sister nasty babysitter cumdump storieshe came grab me fucking my virginasstr callisto red haired mom falls victimडाउनलोड फुल लेंथ मूवी भाभी के साथ हवेली पेcache:EtZJ76bMeUQJ:awe-kyle.ru/spotlight.html hot big cock kissing a hot deep fertile pussy all the way to the cervix depositing live spermsbig cock son fucks tight booty momwww.लडाई की सौते हुये चुताई xvideos.combaron long make girl squierz pornअमेरिका वाले अकल ने चोदाerotic fiction stories by dale 10.porn.comcache:rHiJ-xAESxUJ:awe-kyle.ru/~LS/authors/uuu.html बूढ़ी औरत की चुदाई की वीडियो विथ आवाज गाली देते हुएcache:N4Ui4GoDtUcJ:awe-kyle.ru/~LS/stories/baracuda2128.html पशुगमन (स्त्री-कुत्ता), videosfötzchen erziehung geschichten perversमाँ चुदवाने के लिये ही भीड़ वाली बस में सफर करती है हिंदी सेक्स कहानीafter a hard day at the office cherine[email protected]cache:kLOdNL9HhaYJ:http://awe-kyle.ru/~LS/stories/maturetom1564.html+"noch keine haare an" " storyasstr.org Black masterferkelchen lina und muttersau sex story asstrFötzchen eng jung geschichten streng perversछोटे लंड से चोदा हक उस वाईफ कोferkelchen lina und muttersau sex story asstrमेरी छिनाल अम्मी मेरे शौहर के साथ भी चुदवाती हैShe hurriedly to a secluded place and peed throgh her panty to relief herselfninnng girl porn xvideoLittle sister nasty babysitter cumdump storiesmuslim nasreen ki cudaiewe asstrdie noch kleinen haarlosen muschisComing Of Age at the Onsen; Sara's Massageincestuous scat torture snuff storieskip hawk